भीनमाल परिवहन कार्यालय में दलालों का डेरा, अधिकारी मेहरबान

भीनमाल परिवहन कार्यालय में दलालों का डेरा, अधिकारी मेहरबान
Spread the love


REPORT: VARUN SHARMA

– परिवहन विभाग और दलालों की सांठ गांठ का खेल

भीनमाल. करीब एक दशक पूर्व भीनमाल में स्थापित जिला परिवहन कार्यालय आज दलालों की जद में है। परिवहन विभाग से कोई भी कार्य बिना दलालों के दखल के नहीं हो रहा। मामले में सांठ गांठ का अनुमान इसी बात से लगाया जा सकता है कि जो काम महकमे के चक्कर लगाने से महीनों तक नहीं होता।

वहीं काम दलालों की शरण में जाने मात्र से एक से दो दिन में हो जाता है। अनुमान लगा सकते हैं कि आम आदमी सरकारी सिस्टम और दलालों के घेर में के बीच में ही पिस रहा है। दूसरी तरफ यहां के जिम्मेदार अधिकारी जान बूझकर आंखें बंद कर बैठे हैं। इन स्थितियों में यहां कोई भी काम बिना अधिकारियेां की जी हजूरी के संभव नहीं है।

करीब सालभर पूर्व ही भीनमाल के जसवंतपुरा रोड पर शिफ्ट किया गया ऑफिस अब आम आदमी की पहुंच में नहीं रहा। बाहर स्थापित एजेंटों के काउंटर पर पहुंचने के बाद ही यहां काम हो पाता है।

कई गुना ज्यादा वसूली

कोई भी जरुरत मंद, जिसमें परमिट, लाइसेंस, फिटनेस समेत वाहनों से संबंधित अन्य कार्य के लिए संबंधित वाहन चालक का कोई काम सीधे तौर पर नहीं हो पाता है। जबकि एजेंट के पास इन सभी कार्यों के लिए तोड़ मौजूद है। हालांकि इन छोटे से कार्यों के लिए 2 से ढाई गुना अधिक राशि वसूली जाती है।

जिम्मेदार स्वयं बेपरवाह

परिवहन विभाग की बात करें तो यहां अधिकारी लंबे समय से कुंडली मार कर बैठे हैं। भीनमाल परिवहन कार्यालय के अधीन जालोर का आकोली नदी क्षेत्र से लेकर सांचौर तक का एरिया है। अधिकारी इन स्थितियों में अक्सर स्वयं के फील्ड में होने का हवाला देकर ऑफिस से नदारद ही मिलते हैं। जिससे आम आदमी का काम और भी मुश्किल हो जाता है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published.